अन्नपूर्णा भंडार योजना

योजना के बारे में

राजस्थान सरकार ने गांव-गांव तक लोगों को ब्रांडेड उत्पाद उपलब्ध करवाने के लिए 31, अक्टूबर 2015 को जयपुर ज़िले में भम्भौरी गांव से अन्नपूर्णा भंडार योजना की शुरूआत की। योजना के पहले चरण में 5000 राशन की दुकानों को अन्नपूर्णा भंडार के रूप में विकसित किया गया है।




गावों में अब उपलब्ध हैं ब्रांडेड उत्पाद

शहरों में मिलने वाले ब्रांडेड उत्पाद अन्नपूर्णा भंडार के माध्यम से अब गावों में भी उपलब्ध हैं। 45 तरह के लगभग 150 से अधिक गुणवत्तायुक्त मल्टीब्रांड उत्पाद इन अन्नपूर्णा भंडारों पर उचित कीमत पर मिलते हैं।



रूरल मॉल का सपना हुआ साकार

गांवों में भी ब्रांडेड उत्पाद उपलब्ध होने से उपभोक्ताओं को ज़रूरत का हर घरेलू सामान घर के नज़दीक ही उपलब्ध है। इन अन्नपूर्णा भंडारों से रूरल मॉल का सपना साकार हुआ है।



डीलर के लिए अतिरिक्त आय का जरिया

पहले राशन डीलर केवल चीनी, गेहूँ व कैरोसीन ही बेच रहे थे जिससे उनकी आय कम होती थी। इन्हें आजीविका के लिए अन्य स्त्रोतों पर निर्भर रहना पड़ता था। अब डीलर ज़्यादा चीजें बेचते हैं, ज़्यादा दिन तक दुकान खोलते हैं। इससे उन्हें गांव में ही रोज़गार का साधन उपलब्ध हो गया, उनकी आय भी बढ़ गई और सामाजिक रुतबा भी बढ़ गया।



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नवीनीकृत दिनांक:26/07/2017
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